ग्रेटर नोएडा के 3C Homes प्रोजेक्ट में निवेश करने वाले खरीदारों के लिए 11 साल का लंबा इंतजार आखिरकार खत्म हो गया है. यमुना प्राधिकरण ने 512 आवंटियों को उनके सपनों का प्लॉट देने की प्रक्रिया शुरू होने वाली है.
ग्रेटर नोएडा और यमुना सिटी के हजारों घर खरीदने वालों को बड़ी राहत मिली है.ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी ने 11 रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स में फंसे 3,410 फ्लैट और दुकान मालिकों को मालिकाना हक देने का रास्ता साफ कर दिया है.
इन खरीदारों को होली के बाद अपनी प्रॉपर्टी रजिस्टर करने की इजाजत मिलेगी. इसके अलावा YEIDA सेक्टर 22A में श्रीसी होम्स (थ्रीसी होम्स) के 512 प्लॉट खरीदारों को भी अपने प्लॉट पर कंस्ट्रक्शन शुरू करने का मौका दिया जाएगा. कैसे आइए विस्तार से जानते हैं.
नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल के फैसले के बाद, ऐस इंफ्रासिटी डेवलपर्स ने प्रोजेक्ट पूरा कर लिया है. इस प्रोजेक्ट में 512 खरीदार हैं. इसके लिए YEIDA ने कंप्लीशन सर्टिफिकेट भी जारी कर दिया है. खरीदारों के पक्ष में लीज डीड होने के बाद, नक्शा पास होने के बाद वे कंस्ट्रक्शन शुरू कर सकेंगे.
थ्री सी होम्स की लोटस सिटी रेजिडेंशियल प्लॉट स्कीम में खरीदारों को 2015 में प्लॉट देने का वादा किया गया था. बायर्स ने खरीद कीमत का 50 से 70 परसेंट तक पेमेंट कर दिया था, लेकिन किसानों के साथ जमीन विवाद के कारण बिल्डर ये प्रोजेक्ट पूरा नहीं कर पाए. साल 2019 में इन्सॉल्वेंसी की कार्रवाई शुरू हुई. एक खरीदार ने बिल्डर के खिलाफ NCLT में केस किया।
कुछ खरीदारों और YEIDA ने भी आपत्ति जताई, जिससे मामला NCLAT और सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया. यीडा ने कहा कि बिल्डर ने जमीन का बकाया ठीक से नहीं चुकाया. NCLT ने इन आपत्तियों को खारिज किया और 2023 में Ace Group के 140.39 करोड़ के रेजोल्यूशन प्लान को मंजूरी दे दी.
Ace Infracity Developers ने जून, 2023 को ThreeC Homes से Lotus City को खरीद लिया. जुलाई 2024 में YEIDA के अपनी अपील वापस लेने के बाद, जमीन पर निर्माण काम शुरू हुआ. बिजली, सीवरेज, ज़मीन को समतल करना और सड़कें जैसी सुविधाएं दो साल के अंदर पूरी हो गईं.
इन कामों की निगरानी के लिए बिल्डर, खरीदारों और दूसरे सदस्यों वाली एक कमेटी बनाई गई. 19 फरवरी, 2026 को YEIDA ने प्रोजेक्ट के लिए कंप्लीशन सर्टिफिकेट जारी किया. बिल्डर ने खरीदारों को पज़ेशन लेटर देना शुरू कर दिया है. बस कुछ समय बाद ही 512 प्लॉट खरीदारों को पजेशन लेने और बिल्डिंग बनाने का मौका मिल जाएगा.
आवंटियों को अपने मूल आवंटन पत्र और भुगतान की रसीदें तैयार रखनी होंगी. प्राधिकरण से बकाया राशि की जांच करवाकर नो-ड्यूज सर्टिफिकेट प्राप्त करना होगा. प्राधिकरण द्वारा आधिकारिक सूचना जारी होने के बाद लीज डीड या रजिस्ट्री की प्रक्रिया शुरू की जाएगी.
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